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यादें

काजल कुमारी
आसनसोल (पश्चिम बंगाल)

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कभी-कभी कुछ रिश्ते
बहुत खूबसूरती से शुरू होते हैं,
पर वक़्त के साथ वही रिश्ते
सबसे ज़्यादा रुला जाते हैं।

शुरुआत में हर बात
अपनी लगती है,
फिर अचानक हालात
ऐसे बनते हैं कि दूरी
मजबूरी बन जाती है।

ना कोई ग़लती
साफ़ दिखाई देती है,
ना ही कोई पूरी तरह
बेगुनाह होता है।

कभी कोई
बदल जाता है,
तो कभी हालात
इंसान को बदल देते हैं।

वो वादे, वो कसमें
सब अधूरी रह जाती हैं,
और हम चाहकर भी
उन्हें पूरा नहीं कर पाते।

धीरे-धीरे अजनबी
बन जाते हैं, जिन्हें कभी
अपनी जान से
ज़्यादा चाहा था।

सबसे दर्दनाक बात
ये होती है कि
ना वो पास होते हैं,
ना हम उनसे दूर हो पाते हैं।

बस यादों में जीते रहते हैं,
और सोचते हैं।
अगर मिलना ही नहीं था,
तो किस्मत ने मिलाया ही क्यों …

परिचय :- काजल कुमारी
निवासी : आसनसोल (पश्चिम बंगाल)
घोषणा पत्र : मैं यह प्रमाणित करती हूँ कि मेरी यह रचना स्वरचित एवं मौलिक है।


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