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निबंध

संकट में आते मानव परिवार
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संकट में आते मानव परिवार

नितिन राघव बुलन्दशहर (उत्तर प्रदेश) ******************** जनसंख्या नियंत्रण करना हमारी प्राथमिकता होनी चाहिए। इसे नियंत्रित करने के लिए हमारी सरकार और अनेक सरकारी व गैर सरकारी संस्थाएं लगातार प्रयास कर रही है। इनके प्रयासों का परिणाम समाज में देखा भी जा सकता है। लेकिन जनसंख्या नियंत्रण को ज्यादा प्राथमिकता शिक्षित वर्ग ने दी है। इससे भी अधिक प्राथमिकता भारत की उच्च जातियों ने दी है। शिक्षित वर्ग और उच्च जातियों ने अपने परिवार को एक दम से सीमित कर दिया है। प्रायः देखा जाए तो उच्च जातियों में आजकल दो सन्तान पैदा करने का प्रचलन चल रहा है जिससे एक लडका और एक लड़की। अधिकतर परिवार तो प्रथम लडका होने पर दूसरी संतान के बारे में सोचते ही नहीं है। जनसंख्या नियंत्रण के हिसाब से ये सब उत्तम है परन्तु कभी सोचा है इसका इन परिवारों पर असर क्या होगा? इसके दो असर होंगे। प्रथम अनुकूल असर जनसंख्या निय...
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दीपावली मिलन का त्योहार है

राजेश कुमार शर्मा "पुरोहित" भवानीमंडी (राज.) ********************   कार्तिक मास की अमावस्या को हम प्रतिवर्ष दीपावली का त्योहार मनाते हैं। भगवान श्री रामचन्द्र जी चौदह वर्ष के वनवास के बाद वापस इसी दिन अयोध्या लौटे थे। इसी खुशी से अयोध्या की प्रजा ने घी के दीप जला कर रोशनी की थी। भगवान के अवध पधारने के लिए उनका स्वागत सत्कार अगवानी की थी। दीपावली प्रकाश का त्योहार है। व्यक्ति अपने आप मे एक प्रकाश है। लोग इस दिन मिठाइयां बांटते है। खुशी मनाते हैं। नये वस्त्र पहनते हैं।सारे दुख दर्द भूल जाते हैं।पटाखे चलाते हैं। धन की देवी लक्ष्मी जी की पूजन करते हैं।ऐश्वर्य सुख समृद्धि की कामना करते हैं। इस त्योहार पर बैलों गायों के साथ पशुधन की पूजा भी की जाती है। आज के दिन बुद्धिमत्ता का प्रकाश सबके भीतर होता है।जीवन का उत्सव लोग खुशी से मनाते हैं।धन और ऐश्वर्य की देवी लक्ष्मी की पूजा कर लोग समृद्धि ...