कविता
अंधभक्ति का कोल्हू
राजेन्द्र लाहिरी
पामगढ़ (छत्तीसगढ़)
********************
देश की मिट्टी पुकारे,
पर वो सुनते ही नहीं,
ज़ख्म गहरे हैं बहुत,
पर ख़्वाब बुनते ही नहीं,
विकट परिस्थितियों में
जिनकी आंखें भीगती नहीं,
ऐसे देशद्रोहियों को
बरबादी दिखती नहीं,
सच्चाई का आईना देखो,
...
छंद
कहे मित्र यमराज
सुधीर श्रीवास्तव
बड़गाँव, गोण्डा, (उत्तर प्रदेश)
********************
कुण्डलिनी छंद
माया में हर जन फँसा, बना हुआ है हीन।
ठगनी उसको ठग रही, और संग में दीन।।
और संग में दीन, कौन लगता ठुकराया।
कहे मित्र यमराज, यही तो...
उपन्यास
उपन्यास : मैं था मैं नहीं था : अंतिम भाग- ३१
विश्वनाथ शिरढोणकर
इंदौर म.प्र.
******************
उस दिन स्कूल में सोनू को मैने बडी शान से कहां, 'आज मैने राम मंदिर में पूजा की।'
'क्यों? उस घर के सब बडे कहां गए?' सोनू ने पूछा। सोनू को भी पता था कि वह घर मेरा नही है।' कितने सारे तो भगवान है वहां मंदिर में? तुमने कैसे की होगी प...
ग़ज़ल
हमने हर दर्द को मुस्कान बना कर देखा
आनंद कुमार पांडेय
बलिया (उत्तर प्रदेश)
********************
हमने हर दर्द को मुस्कान बना कर देखा,
ज़िंदगी तुझको भी आसान बना कर देखा।
दिल में उम्मीद का इक दीप जलाए रखा,
हर एक अँधेरे को चराग़ बना कर देखा।
जो भी पत्थर थे, वो किरदार सिखाते ही रहे,
हमने हर ज़ख़्म को अरमान बना...
जन्मदिवस
बाबा अमरनाथ
किरण विजय पोरवाल
सांवेर रोड उज्जैन (मध्य प्रदेश)
********************
एक अनुभव- उज्जैन से कटरा कटरा से श्रीनगर होते हुए पहुंचे सोनमर्ग, सोनमर्ग बाबा अमरनाथ की 12यात्रा का पहला पडा़व। हम दो कपल पैदल यात्रा चालू की, यात्रा बहुत कठिन थी चलते ...
