
सुषमा शुक्ला
आबिदजान (अफ्रीका)
********************
हिंदू पुराणोंके अनुसार
कुल मिलाकर सात अधोलोक हैं
अतल, वितल, सुतल, तलातल, महातल, रसातल और पाताल।
अतल की गहराइयों में इच्छाओं का वास है,
जहाँ माया मुस्काती है, भोगों का प्रकाश है।
वहाँ सत्य भी छल बन जाए, ऐसा उसका जाल,
मनुष्य अपने ही मन में खो दे विवेक का हाल।
वितल में वैभव रहता, स्वर्ण समान चमकता,
लोभ की चकाचौंध में हर विवेक है भटकता।
धन ही देव बन बैठा, कर्म हुआ है मौन,
जहाँ सुख क्षणिक लगते हैं, शांति रहती कौन?
सुतल वह तल है जहाँ बलि का शासन गाया,
अहंकार को त्याग जहाँ विष्णु ने सिखलाया।
दमन नहीं, मर्यादा है वहाँ का विधान,
त्याग से ऊँचा होता है सच्चा इंसान।
तलातल और महातल, भय और विष के धाम,
असुरों की आकांक्षाएँ, अंधकार का नाम।
क्रोध, ईर्ष्या, द्वेष यहाँ साँसों में पलते,
मानव मन के राक्षस भी यहीं आकर ढलते।
रसातल–पाताल के नीचे नहीं, भीतर का यह लोक,
जहाँ गिरते हम स्वयं हैं, जब टूटता है संयम का श्लोक।
सातों तल केवल नीचे नहीं, चेतना के स्तर,
जो ऊपर उठे विवेक से, वही छूए सच्चा अमर।
परिचय :- सुषमा शुक्ला
जन्म : 25 अप्रैल
निवास : आबिदजान (अफ्रीका)
मूल निवासी : इंदौर (मध्य प्रदेश)
शिक्षा : एमए राजनीति शास्त्र बरकतुल्लाह भोपाल विश्वविद्यालय
लेखन विधा : कविता, हायकु, पिरामिड, लघु कथा
लेखन : लेखन के क्षेत्र में कोविद में जीवनसाथी की प्रेरणा से लेखन का कार्य शुरू किया। धर्म और संस्कृति इन मंचों पर काव्य गोश्तियां संचालन किया मनपसंद हास्य कला साहित्य मंच पर कम से कम १२५ बार संचालन किया,, और चार बार अध्यक्ष पद प्राप्त किया। इन सभी संस्थाओं से अब तक कुल मिलाकर १२५ सम्मान पत्र प्राप्त हुए।
विशेष : नाइजीरिया में, लागोस शहर में हिंदी भाषा का प्रचार प्रसार किया। अफ्रीका के आबिदजान शहर में हिंदी विश्व दिवस पर हिंदी के बावत भूषण और एक छोटी सी कविता पढ़ने का भारतीय दूतावास इंडियन एंबेसी में शुभ अवसर प्राप्त हुआ। तात्कालीन भारतीय राजदूत डॉक्टर राजेश रंजन के हाथों ससम्मान १०,००० सीफा राशि आबिदजान की मुद्रा, जिसे स्थानीय भाषा में सीफा कहा जाता है प्रदान की गई।
घोषणा पत्र : मैं यह प्रमाणित करती हूँ कि सर्वाधिकार सुरक्षित मेरी यह रचना, स्वरचित एवं मौलिक है।
प्रिय मित्र, शुभचिंतक एवं परिवारजन आपको प्रेषित मेरी नई स्वरचित रचना, कृपया लिंक को टच कर रचना पढ़ें एवं कमेंट बॉक्स में अपने विचार रख कविता को लाइक करें …🙏🏻😊💐💐💐 राष्ट्रीय हिन्दी रक्षक मंच पर अपनी रचनाएँ
प्रकाशित करवाने हेतु अपनी कविताएं, कहानियां, लेख हिंदी में टाईप करके हमें hindirakshak17@gmail.com पर अणु डाक (मेल) कीजिये, अणु डाक करने के बाद हमे हमारे नंबर 98273 60360 पर सूचित अवश्य करें …🙏🏻 राष्ट्रीय हिन्दी रक्षक मंच का सदस्य बनने हेतु हमारे चलभाष क्रमांक 98273 60360 पर अपना नाम और कृपया मुझे जोड़ें लिखकर हमें भेजें…🙏🏻


सार गर्भित, कलम की कारीगरी,अनोखी
👌👏👏bahut badhiya
अधोतल पर बहुत आकर्षक रचना
जिससे हम परिचित हुए।