
छत्र छाजेड़ “फक्कड़”
आनंद विहार (दिल्ली)
********************
एक धोबी की आवाज़ पर
बिना जाँच पड़ताल
घर से निकाला
माता सीता को
मर्यादा पुरुषोत्तम राम ने
न जाने कैसी ये मर्यादा थी
राम की
या फिर था
पुरुषोचित मन का शक….
भरे दरबार में
स्वयंबर की आड़ में
परम ज्ञानी, अति बलशाली
प्रतापी भीष्म ने
तलवार की नोक पर
अम्बे, अम्बिका और अम्बालिका
तीनों को इच्छा के विरुद्ध
उठा लिया…. शायद…
मर्यादा की छाँव में
रहा हो पुरुषोचित हक…..
सभी परिवार प्रमुखों के समक्ष
धर्मराज कहे जाने वाले युधिष्ठिर ने
द्यूत क्रीड़ा में
स्व भार्या द्रोपदी को
बिना उसकी मर्जी जाने
लगा दिया दाव पर
मन कहाँ समझ पाया कि
स्वांग था मर्यादा का
या फिर पांडवों का
पुरुषोचित हक…..
कौरवों के राज दरबार में
नीति कुशल विदुर
द्रोणाचार्य, कृपाचार्य, भीष्म जैसे
अजेय व्यक्तित्वों के सामने
राजवंश की कुलवधु
द्रोपदी का चीरहरण
सब थे कौरव राज से अनुबंधित
बंधे थे कौरव शासन के अन्न से
भूल गये थे शायद
कुलवधु की लज्जा रक्षा की मर्यादा को
विवेचन करें तो ये था
पुरुष प्रधान सत्ताधारियो का हक
चाहे जग करे
राजपुरुषों की मर्यादा पर शक…
शक और हक के
दो पाटों बीच
पिसती तो रही है नारी
बस आज तक
मर्यादा के इस अंतर्द्वन्द्व में
क्या यही नियति रही नारी की
प्रश्न सनातन है
किसे फिक्र है
मर्यादा की ओट में
शोषित नारी के हक की
या फिर…
क्यों उठती नारी पर ही सदैव
सुई शक की… !
परिचय :- छत्र छाजेड़ “फक्कड़”
निवासी : आनंद विहार, दिल्ली
विशेष रूचि : व्यंग्य लेखन, हिन्दी व राजस्थानी में पद्य व गद्य दोनों विधा में लेखन, अब तक पंद्रह पुस्तकों का प्रकाशन, पांच अनुवाद हिंदी से राजस्थानी में प्रकाशित, राजस्थान साहित्य अकादमी (राजस्थान सरकार) द्वारा, पत्र पत्रिकाओं व समाचार पत्रों में नियमित प्रकाशन, राजस्थानी लोक गीतों के लिए प्रसिद्ध कंपनी “वीणा कैसेटस” के दो एलबमों में सात गीत संगीतबद्ध हुये हैं।
सम्मान : “राजस्थानी आगीवान” सम्मान से सम्मानित
श्री गंगानगर के सृजन साहित्य संस्थान का सृजन साहित्य सम्मान व
सरदारशहर गौरव (साहित्य) सम्मान व अनेक अन्य सम्मानरा
घोषणा पत्र : मैं यह प्रमाणित करता हूँ कि सर्वाधिकार सुरक्षित मेरी यह रचना, स्वरचित एवं मौलिक है।
कृपया लिंक को टच कर रचना पढ़ें एवं कमेंट बॉक्स में अपने विचार रख कविता को लाइक करें …🙏🏻😊💐💐💐 राष्ट्रीय हिन्दी रक्षक मंच पर अपनी रचनाएँ प्रकाशित करवाने हेतु अपनी कविताएं, कहानियां, लेख हिंदी में टाईप करके हमें hindirakshak17@gmail.com पर अणु डाक (मेल) कीजिये, अणु डाक करने के बाद हमे हमारे नंबर 98273 60360 पर सूचित अवश्य करें …🙏🏻 राष्ट्रीय हिन्दी रक्षक मंच का सदस्य बनने हेतु हमारे चलभाष क्रमांक 98273 60360 पर अपना नाम और कृपया मुझे जोड़ें लिखकर हमें भेजें…🙏🏻
