महादेवा
प्रीतम कुमार साहू
लिमतरा, धमतरी (छत्तीसगढ़)
********************
छत्तीसगढ़ी भाषा में भजन
काल के महाकाल कहावय, शिव शंकर महादेवा
भक्तनमन के भाग जागे जेन करे तोर सेवा।
अंग म राख, भभूत चुपरे बईला म करें सवारी
भूत, प्रेत अउ मरी मसान जम्मों तोर संगवारी।I
दानी नइ हे तोर असन कस हे सम्भू त्रिपुरारी
कतका तोर जस ल गावँव महिमा हे बड़भारी।I
गंगा हर तोर जटा म साधे, कहाय तै जटाधारी
बघुवा के तै खाल पहिरे जय हो डमरूधारी।I
गणेश, कार्तिक तोर लाल कहावय पार्वती सुवारी
तोर पउँरी म माथ नवावँय जम्मो नर, नारी।I
असुर मन कतकोंन छलिस तोला सिधवा जान
हलाहल के पान करइय्या नीलकंठ भगवान।I
परिचय :- प्रीतम कुमार साहू (शिक्षक)
निवासी : ग्राम-लिमतरा, जिला-धमतरी (छत्तीसगढ़)।
घोषणा पत्र : मेरे द्वारा यह प्रमाणित किया जाता है कि मेरी यह रचना स्वरचित एवं मौलिक है।
...











