मेरे वादे मेरे इरादे पर एतबार रखना
प्रमेशदीप मानिकपुरी
भोथीडीह, धमतरी (छतीसगढ़)
********************
गर मै जिंदा हूँ,तू अपना वजूद रखना ।
वक्त के बदलने का बस ख्याल रखना ।।
एक ना एक दिन बहार आयेगी जरूर ।
मेरे वादे मेरे इरादे पर एतबार रखना ।।
बेशक कांटे भी मिलेंगे रास्ते मे मगर ।
दुनिया भी हो जाये इधर उधर मगर ।।
दुनियादारी मे खुद का ख्याल रखना ।
मेरे वादे मेरे इरादे पर एतबार रखना ।।
क्या हुआ की किस्से अधूरे रह गये ।
रेत का मकान,एक पल मे ढह गये ।।
कांटों को भी सीने से लगाये रखना ।
मेरे वादे मेरे इरादे पर एतबार रखना ।।
एक दिन दामन खुशियों से भर जायेगी ।
बहारे लौट कर बासंती रंगरूप दिखायेगी ।।
उम्मीद से जीवन का दीपक जलाये रखना ।
मेरे वादे मेरे इरादे पर एतबार रखना ।।
परिचय :- प्रमेशदीप मानिकपुरी
पिता : श्री लीलूदास मानिकपुरी
जन्म : २५/११/१९७८
निवासी : आमाचानी पोस्ट- भोथीडीह जिला- धमतरी (छतीसगढ़)
संप्रति :...




















