अब और नहीं
श्रीमती शोभारानी तिवारी
इंदौर म.प्र.
********************
न्याय की गुहार लगाई थी,
निर्भया की मां,
दरिंदों को बचाने की पैरवी भी हुई,
झूठ बोले गए, सत्य के दरबार में,
अंधेरा बहुत हो चुका,
अब और नहीं।
वहशी दरिंदे बहुत बढ़ गए,
बेटियों की अस्मिता को तार-तार किया,
घाव इतने दिए उनके शरीर पर,
कि मानवता को शर्मसार कर दिया,
दर्द बहुत है सहे,
अब और नहीं।
अब कोई कलियां चमन से न टूटे,
गुड़िया कभी भी किसी की न रूठे,
न्याय व्यवस्था इतनी मजबूत हो,
की प्यारी लाडो किसी की न छूटे जिंदा जलाया था,
अब और नहीं।
देर से ही सही, पर न्याय तो मिला,
निर्भया बेटी को, इंसाफ मिला,
फांसी के फंदे पर झूल गए दरिंदे,
महिलाओं को आज सम्मान तो मिला,
हमारी आवाज दबाई गई,
अब और नहीं।
.
परिचय :- श्रीमती शोभारानी तिवारी
पति - श्री ओम प्रकाश तिवारी
जन्मदिन - ३०/०६/१९५७
जन्मस्थान - बिलासपुर छत्तीसगढ़
शिक्षा - एम.ए समाजश शास्त्र, ...























