Friday, March 6राष्ट्रीय हिन्दी रक्षक मंच पर आपका स्वागत है... अभी सम्पर्क करें ९८२७३६०३६०

मन की नम् माटी

सुषमा शुक्ला
आबिदजान (अफ्रीका)
********************

मन की नम मिट्टी में जब भावों का बीज गिराया,
आँखों की कोरों ने चुपके से जल बरसाया।
पीड़ा की हल्की धूप में सपनों ने अंगड़ाई ली,
आशा की कोमल कोंपल ने फिर मुस्कान सजाया।

मन की नम मिट्टी में श्रद्धा का दीप जले,
विश्वास की खुशबू से जीवन के आँगन पले।
संघर्षों की धूल भले ही राहों में बिखर जाए,
धैर्य की फसल उगे तो भाग्य के द्वार खुले।

मन की नम मिट्टी में रिश्तों के फूल खिलें,
ममता की सरिता बहे, प्रेम के मोती मिलें।
अंतर की करुणा जब बन जाए हरियाली,
सूखे से जीवन में फिर सावन झूमे खिलें।

मन की नम मिट्टी में संस्कारों की जड़ हो,
सत्य की धूप मिले, मर्यादा का अंकुर हो।
लोभ की आँधी आए तो भी न डिग पाए,
नीति का वटवृक्ष बने, आदर्शों का स्वर हो।

मन की नम मिट्टी में ईश्वर का नाम पले,
भक्ति का अंकुर फूटे, आत्मा के दीप जले।
जब भीतर का बाग़ हरा हो प्रेम-सुगंधित,
जीवन का हर पथ तब फूलों सा सहज चले।

परिचय :- सुषमा शुक्ला
जन्म : 25 अप्रैल
निवास : आबिदजान (अफ्रीका)
मूल निवासी : इंदौर (मध्य प्रदेश)
शिक्षा : एमए राजनीति शास्त्र बरकतुल्लाह भोपाल विश्वविद्यालय
लेखन विधा : कविता, हायकु, पिरामिड, लघु कथा
लेखन : लेखन के क्षेत्र में कोविद में जीवनसाथी की प्रेरणा से लेखन का कार्य शुरू किया। धर्म और संस्कृति इन मंचों पर काव्य गोश्तियां संचालन किया मनपसंद हास्य कला साहित्य मंच पर कम से कम १२५ बार संचालन किया,, और चार बार अध्यक्ष पद प्राप्त किया। इन सभी संस्थाओं से अब तक कुल मिलाकर १२५ सम्मान पत्र प्राप्त हुए।
विशेष : नाइजीरिया में, लागोस शहर में हिंदी भाषा का प्रचार प्रसार किया। अफ्रीका के आबिदजान शहर में हिंदी विश्व दिवस पर हिंदी के बावत भूषण और एक छोटी सी कविता पढ़ने का भारतीय दूतावास इंडियन एंबेसी में शुभ अवसर प्राप्त हुआ। तात्कालीन भारतीय राजदूत डॉक्टर राजेश रंजन के हाथों ससम्मान १०,००० सीफा राशि आबिदजान की मुद्रा, जिसे स्थानीय भाषा में सीफा कहा जाता है प्रदान की गई।
घोषणा पत्र : मैं यह प्रमाणित करती हूँ कि सर्वाधिकार सुरक्षित मेरी यह रचना, स्वरचित एवं मौलिक है।


कृपया लिंक को टच कर रचना पढ़ें एवं कमेंट बॉक्स में अपने विचार रख कविता को लाइक करें …🙏🏻😊💐💐💐 राष्ट्रीय हिन्दी रक्षक मंच पर अपनी रचनाएँ प्रकाशित करवाने हेतु अपनी कविताएं, कहानियां, लेख हिंदी में टाईप करके हमें hindirakshak17@gmail.com पर अणु डाक (मेल) कीजिये, अणु डाक करने के बाद हमे हमारे नंबर 98273 60360 पर सूचित अवश्य करें …🙏🏻 राष्ट्रीय हिन्दी रक्षक मंच का सदस्य बनने हेतु हमारे चलभाष क्रमांक 98273 60360 पर अपना नाम और कृपया मुझे जोड़ें लिखकर हमें भेजें…🙏🏻

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *