देवी स्वरूपा नारी हो तुम
राजेन्द्र सिंह झाला
बाग जिला धार (मध्य प्रदेश)
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अखिल भारतीय कविता लिखो प्रतियोगिता
विषय :- "नारी और स्वतन्त्रता की उड़ान"
उत्कृष्ट सृजन पुरस्कार प्राप्त रचना
ममता की मूरत, भोली सी सूरत,
देवीस्वरूपा नारी हो तुम,
अबला नहीं हो मातृशक्ति हो,
सृष्टि की रचना सहायक हो तुम
आई, जब भी कोई मुसीबत,
खड़ग को लहराया तुमने,
स्वराज नहीं जाने दिया,
जब तक सांस रही तन में,
झांसी की रानी, दुर्गावती सी
अहिल्या का साहस हो तुम
आज रूप बदला हुआ है
फायटर प्लैन तुम्ही उडाती
परिवार का पालन करने को
टैक्सी, रिक्शा भी तुम्ही चलाती
बिछेंद्री, कल्पना, मेरीकाम
उडनपरी, मनु भाकर हो तुम।
सीता, मीरा और सावित्री
राधा का मौन श्रृंगार हो तुम
यशोदा सा स्नेह बहाती
गंगा यमुना सी पावन हो तुम
परिचय :- राजेन्द्र सिंह झाला
निवासी : बाग, कुक्षि जिला धार (मध्य प्रदेश)
घोषणा ...





















