जीवन
नीलू कानू प्रसाद
उदलाबारी (पश्चिम बंगाल)
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जीवन है हमारा
इंसान का
पर अहंकार है
समुंद्र सा बड़ा!
"मैं"
कुछ ऐसे भी
गरीबी देखी हूं!
जिसके पास
पैसे के सिवा
कुछ नहीं है!
किसी को इज्जत
यह देखकर
मत करो! कि
वह कितना बड़ा
महान पुरुष है !
बल्कि यह
देखकर करो
कि वह उसके
काबिल है या नहीं
यह नहीं होना चाहिए कि
रास्ता सही हो!
"बल्कि हमारे साथ
कुछ ऐसा हो
जहां पांव रखे वो रास्ता
सही हो जाए"
परिचय :- श्रीमती नीलू कानू प्रसाद
निवासी : उदलाबारी (पश्चिम बंगाल)
घोषणा पत्र : मैं यह प्रमाणित करती हूँ कि मेरी यह रचना स्वरचित एवं मौलिक है।
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