गणपति वंदना
सोनल सिंह "सोनू"
कोलिहापुरी दुर्ग (छतीसगढ़)
********************
भादो मास तिथि चतुर्थी,
प्रभु विराजते पृथ्वी पर।
भक्तजन उनकी सेवा करें,
विनायक सबके कष्ट हरें।
बुद्धि ज्ञान के तुम हो दाता,
प्रथम पूज्य देवेश्वरा।
मेरी तुमसे याचना,
विघ्न हरो विघ्नेश्वरा।
महादेव के तुम हो नंदन,
कार्तिकेय के भ्राता।
रिद्धी-सिद्धी के तुम हो स्वामी,
लाभ शुभ प्रदाता।
मूसक को वाहन बनाया,
हे! वक्रतुण्ड महाकाय।
मोदक का तुम्हें भोग लगे,
हे! अष्टसिद्धी के दाता।
मैं बालक नादान हूँ स्वामी,
निशदिन करूँ आराधना।
सबके विघ्नों का नाश करो,
स्वीकार करो मेरी प्रार्थना।
परिचय - सोनल सिंह "सोनू"
निवासी : कोलिहापुरी दुर्ग (छतीसगढ़)
घोषणा पत्र : मैं यह प्रमाणित करती हूँ कि सर्वाधिकार सुरक्षित मेरी यह रचना, स्वरचित एवं मौलिक है।
आप भी अपनी कविताएं, कहानियां, लेख, आदि राष्ट्रीय हिन्दी ...
























