सार्धमनोरम छंद
मीना भट्ट "सिद्धार्थ"
जबलपुर (मध्य प्रदेश)
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सार्धमनोरम छंद
विधान मात्रिक छंद,
२१ मात्राएँ
चार चरण, दो-दो चरण समतुकांत
मापनी : २१२२ २१२२ २१२२
श्याम प्यारे हम पुकारें नाथ दाता।
है विपद भारी विधाता आप त्राता।।
नित गिरें चरणों मुरारी बात मानो।
दास चाकर है तिहारा श्याम जानो।।
साधना करते सदा ही द्वार आते।
ठौर कान्हा आपके ही पास पाते।।
गोप गोपी साँवरे को नित्य ध्याते।
पावनी इस प्रीति के गुण नित्य गाते।।
परिचय :- मीना भट्ट "सिद्धार्थ"
निवासी : जबलपुर (मध्य प्रदेश)
पति : पुरुषोत्तम भट्ट
माता : स्व. सुमित्रा पाठक
पिता : स्व. हरि मोहन पाठक
पुत्र : सौरभ भट्ट
पुत्र वधू : डॉ. प्रीति भट्ट
पौत्री : निहिरा, नैनिका
सम्प्रति : सेवानिवृत्त जिला न्यायाधीश (मध्य प्रदेश), लोकायुक्त संभागीय सतर्कता समिति जबलपुर की भूतपूर्व चेयरपर्सन।
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