अक्सर
राजीव डोगरा "विमल"
कांगड़ा (हिमाचल प्रदेश)
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इश्क़ की रातें
और इश्क़ की बातें
अक्सर महँगी पड़ती है।
ज्यादा समझदारी और
लगी हुई इश्क़ बीमारी
अक्सर महँगी पड़ती है।
गैरों के साथ यारी और
अपनों के साथ गद्दारी
अक्सर महंगी पड़ती है।
जरूरत से ज्यादा समझदारी
और गैरों से वफादारी
अक्सर महंगी पड़ती है।
परिचय :- राजीव डोगरा "विमल"
निवासी - कांगड़ा (हिमाचल प्रदेश)
सम्प्रति - भाषा अध्यापक गवर्नमेंट हाई स्कूल, ठाकुरद्वारा
घोषणा पत्र : मैं यह प्रमाणित करता हूँ कि सर्वाधिकार सुरक्षित मेरी यह रचना, स्वरचित एवं मौलिक है।
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