हिन्दी और हम
डॉ. कोशी सिन्हा
अलीगंज (लखनऊ)
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(१४ सितम्बर २०२१ को हिंदी दिवस पर राष्ट्रीय हिन्दी रक्षक मंच द्वारा आयोजित अखिल भारतीय कविता सृजन प्रतियोगिता विषय हिंदी और हम में प्रथम स्थान प्राप्त कविता।)
पंक्तियाँ - १२
गोमुख से जैसे आकर गंगा निर्मल निकली
देवभाषा संस्कृत से पावन हिन्दी प्रबल निकली।।१।।
धरा को सरस सुहावन, पतित पावन
बनाती सुरसरी सरकती सचल निकली।।२।।
भाव-भाषा, ज्ञान-विज्ञान को संग लेकर
हिन्दी प्रमुदित, हर्षित, चहुँदिश सजल निकली।।३।।
जन-मन को हरषाती, अति पुलक बढाती
देश-विदेश बढती, सरसाती सकल निकली।।४।।
गद्य-पद्य में कवि व लेखकों को अपनाती
गौरव-गान गाती, गीतों में मचल निकली।।५।।
गाय, गंगा, गीता सी परम पावनी हिन्दी
जन-मन भाती हिन्दी, सर्वत्र सबल निकली।।६।।
परिचय :- डॉ. कोशी सिन्हा
पूरा नाम : डॉ. कौशलेश कुमारी सिन्हा
निवासी : अलीगंज लखन...
























